Thursday, November 11, 2010

"युध्द " के लिए

By Rajesh Patil · Sunday, November 7, 2010

उस दिन,

काल भी चुपचाप देख रहा था,"कृष्ण और युदिश्ठिर ने भी "..

"युध्द " के लिए

उस भूमि को चुना ,

जहाँ सभी अपने स्वार्थ साधने मे व्यस्त थे,

तब से,

हम अनजाने ही इस "युध्द " मे शामिल है.

-राजेश एकनाथ

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